भीमताल में विकास का रोडमैप तय, गुणवत्ता और समय सीमा पर जोर

भीमताल – जनपद नैनीताल में ग्रामीण अवसंरचना विकास निधि (RIDF) के अंतर्गत संचालित परियोजनाओं की समीक्षा बैठक सोमवार को विकास भवन सभागार, भीमताल में मुख्य विकास अधिकारी अरविंद कुमार पांडेय की अध्यक्षता में संपन्न हुई।

बैठक में नाबार्ड के जिला विकास प्रबंधक मुकेश बेलवाल ने विभिन्न विभागों के अंतर्गत संचालित परियोजनाओं की प्रगति से अवगत कराया। समीक्षा के दौरान बताया गया कि 31 मार्च 2026 तक जनपद में कुल 117 परियोजनाएं संचालित हैं, जिनकी कुल लागत ₹441.01 करोड़ है, जबकि नाबार्ड द्वारा ₹396.95 करोड़ की ऋण सहायता प्रदान की गई है।

विभागवार समीक्षा में लोक निर्माण विभाग की 37 परियोजनाओं पर ₹119.74 करोड़, सिंचाई विभाग की 27 परियोजनाओं पर ₹71.29 करोड़, नलकूप विभाग की 12 परियोजनाओं पर ₹29.96 करोड़, लघु सिंचाई विभाग की 13 परियोजनाओं पर ₹14.69 करोड़ तथा उद्यान विभाग की 3 परियोजनाओं पर ₹27.20 करोड़ की लागत दर्शाई गई।

इसके अतिरिक्त दुग्ध विकास विभाग की 2 परियोजनाओं हेतु ₹79.85 करोड़, तकनीकी शिक्षा विभाग की 7 परियोजनाओं हेतु ₹20.55 करोड़, पेयजल निगम की 5 परियोजनाओं हेतु ₹10.76 करोड़, ग्रामीण सड़क एवं जल निकासी की 2 परियोजनाओं हेतु ₹5.60 करोड़, कौशल विकास एवं रोजगार की 3 परियोजनाओं हेतु ₹14.17 करोड़, शिक्षा विभाग की 2 परियोजनाओं हेतु ₹1.07 करोड़, जल संस्थान की 1 परियोजना हेतु ₹0.37 करोड़ तथा पशुपालन विभाग की 3 परियोजनाओं हेतु ₹1.70 करोड़ की सहायता दी गई है।

बैठक में परियोजनाओं की प्रगति, धीमी गति से चल रहे कार्यों, पूर्ण परियोजनाओं की रिपोर्ट तथा सामाजिक अनुश्रवण जैसे बिंदुओं पर विस्तृत चर्चा की गई। मुख्य विकास अधिकारी ने सभी विभागों को निर्देशित किया कि स्वीकृत योजनाओं को निर्धारित समय सीमा में गुणवत्ता के साथ पूरा किया जाए, ताकि ग्रामीण क्षेत्रों को शीघ्र लाभ मिल सके।

उन्होंने स्पष्ट कहा कि परियोजनाओं में अनावश्यक विलंब से लागत बढ़ती है और संसाधनों का दुरुपयोग होता है, जिसे प्रभावी निगरानी के माध्यम से रोका जाना जरूरी है।

बैठक में परियोजनाओं की नियमित निगरानी और पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए एक विशेष निरीक्षण समिति का गठन किया गया। इस समिति में ग्रामीण निर्माण विभाग, जल संस्थान, लोक निर्माण विभाग और लघु सिंचाई विभाग के अधिशासी अभियंताओं को शामिल किया गया है। समिति को मासिक निरीक्षण कर प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं।

सीडीओ ने अधिकारियों से आपसी समन्वय के साथ कार्य करते हुए जनपद में ग्रामीण अवसंरचना विकास को गति देने और योजनाओं का अधिकतम लाभ आमजन तक पहुंचाने पर जोर दिया।

बैठक में नाबार्ड के डीडीएम मुकेश बेलवाल, मुख्य विकास अधिकारी जीआर जायसवाल सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।

यह समीक्षा बैठक जनपद में विकास कार्यों की गुणवत्ता और गति सुनिश्चित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।

Daily Dpark 24
Author: Daily Dpark 24

Cricket Live Score

Rashifal

और पढ़ें