भूसा संकट की आशंका के बीच प्रशासन अलर्ट, सभी अधिकारियों को दिए सख्त आदेश

नैनीताल – पशुपालकों के हितों को ध्यान में रखते हुए जिलाधिकारी ललित मोहन रयाल ने भूसे की बढ़ती कीमतों और संभावित कालाबाजारी पर अंकुश लगाने के लिए महत्वपूर्ण आदेश जारी किए हैं। जिलाधिकारी ने राज्य सरकार के निर्देशों के क्रम में भूसे के अनावश्यक भंडारण, कालाबाजारी और राज्य से बाहर

भूसा संकट की आशंका के बीच प्रशासन अलर्ट, सभी अधिकारियों को दिए सख्त आदेश

नैनीताल – पशुपालकों के हितों को ध्यान में रखते हुए जिलाधिकारी ललित मोहन रयाल ने भूसे की बढ़ती कीमतों और संभावित कालाबाजारी पर अंकुश लगाने के लिए महत्वपूर्ण आदेश जारी किए हैं। जिलाधिकारी ने राज्य सरकार के निर्देशों के क्रम में भूसे के अनावश्यक भंडारण, कालाबाजारी और राज्य से बाहर परिवहन पर तत्काल प्रभाव से रोक लगाने के निर्देश दिए हैं। जिलाधिकारी ने बताया कि उत्तराखंड में पशुपालकों द्वारा पशुओं के सूखे चारे के रूप में मुख्य रूप से गेहूं के भूसे का उपयोग किया जाता है। हर वर्ष अप्रैल और मई माह में गेहूं की कटाई के बाद भूसे की पर्याप्त उपलब्धता रहती है और इसी दौरान पशुपालक तथा गोसदन अपनी आवश्यकता के अनुरूप भूसा संग्रहित करते हैं। हालांकि कुछ व्यापारियों द्वारा बड़े स्तर पर भूसे का भंडारण किए जाने से कृत्रिम