नैनीताल: जनपद में संचार सुविधाओं को सुदृढ़ करने के लिए जिला टेलीकॉम कमेटी की बैठक सोमवार को कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) शैलेंद्र नेगी ने की।
बैठक में विभिन्न दूरसंचार कंपनियों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया। अपर जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि जिले के दूरस्थ और डार्क/शैडो क्षेत्रों में मोबाइल नेटवर्क को बेहतर और सुचारू बनाए रखा जाए, ताकि लोगों को किसी प्रकार की परेशानी न हो।
उन्होंने कहा कि बिजली बाधित होने की स्थिति में भी मोबाइल टावर 24 घंटे चालू रहें, इसके लिए पर्याप्त ईंधन की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए और टावरों को सोलर सिस्टम से भी संचालित किया जाए।
बैठक में बताया गया कि पहले चरण में जिले के 48 स्थानों पर 4G टावर स्थापित किए जा चुके हैं और सभी सुचारू रूप से कार्य कर रहे हैं। वहीं दूसरे चरण में 10 नए 4G टावर लगाने की स्वीकृति मिली है, जिनमें से 5 स्थानों पर भूमि उपलब्ध हो चुकी है, जबकि शेष 5 स्थानों—बेलवाखान, जिरौली, रेकुना, बारगल और प्यूडा—के लिए भूमि चयन की प्रक्रिया जारी है।
अपर जिलाधिकारी ने संबंधित उपजिलाधिकारियों को निर्देश दिए कि बीएसएनएल के साथ समन्वय कर शीघ्र भूमि का चयन कर आवश्यक अभिलेख उपलब्ध कराए जाएं।
भारत नेट परियोजना की समीक्षा के दौरान बताया गया कि जिले के 477 गांवों को कनेक्टिविटी से जोड़ने का लक्ष्य है, जिसमें से अब तक 288 गांवों को जोड़ा जा चुका है और शेष कार्य तेजी से जारी है।
बैठक में ओएफसी (ऑप्टिकल फाइबर) बिछाने के कार्यों को समय पर पूरा करने के निर्देश दिए गए। साथ ही विभिन्न विभागों—लोक निर्माण, सिंचाई और दूरसंचार—को आपसी समन्वय से कार्य करने को कहा गया।
इसके अलावा जियो और एयरटेल कंपनियों द्वारा नए टावर लगाने के लिए भूमि उपलब्ध कराने के प्रस्ताव भी रखे गए, जिस पर प्रशासन ने शीघ्र संयुक्त निरीक्षण कर कार्रवाई करने के निर्देश दिए। बैठक में दूरसंचार, भारत नेट, लोनिवि, सिंचाई, विद्युत और अन्य विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।











